Tuesday, July 9, 2013

एक बचपन ऐसा भी.. Comments

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भीख के कटोरे मैं मजूबूरी को भरकर...
ट्रॅफिक सिग्नल पे ख्वाबों को बेच कर
ज़रूरत की प्यास बुझाता बचपन............
नन्हे से जिस्म से करतब दिखा कर..
...
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Tarun Upadhyay
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