Monday, November 24, 2014

आज फिर तेरी याद आई हैं... Comments

Rating: 4.0

आज फिर तेरी आँखें याद आई हैं
कुछ तो हैं तेरे मेरे दरमियान
कि आज भी मेरी आँख भर आई हैं
आज फिर तेरी याद आई हैं...
...
Read full text

Kamal Meena
COMMENTS
Rajnish Manga 24 November 2014

आपकी कविता के बारे में क्या लिखूँ. मित्र काहिल मेहर, इसे हर कोई अद्वितीय ही कहेगा. प्रेम की इतनी तीव्र अभिव्यक्ति दुर्लभ है.

1 0 Reply
Close
Error Success