जागो युवा — नया भारत बुला रहा है Poem by Pushp Sirohi

जागो युवा — नया भारत बुला रहा है

⚡🇮🇳 1) "जागो युवा — नया भारत बुला रहा है"
जागो युवा…
ये सुबह सिर्फ़ सूरज की नहीं,
ये सुबह तुम्हारी रगों में
वापस लौटे जुनून की है।
अब भारत को चाहिए
सिर्फ़ बातें नहीं,
भारत को चाहिए
तुम्हारे कर्म का तूफान।
कहते हैं बदलाव आता है—
पर बदलाव आता नहीं,
लाया जाता है।
और बदलाव लाने वाले
कभी भीड़ में नहीं मिलते,
वे अपने अंदर
एक आग लेकर चलते हैं।
युवा…
तू अगर सो गया,
तो तेरा कल
किसी और के हाथ में चला जाएगा।
और अगर तू जाग गया,
तो इतिहास
तेरे नाम से शुरू होगा।
शिकायतें छोड़,
अब जिम्मेदारी उठा।
देश को नेता नहीं,
देश को चरित्र चाहिए।
देश को नारे नहीं,
देश को नतीजे चाहिए।
तू पढ़,
तू दौड़,
तू गिर,
तू फिर उठ—
पर रुक मत।
क्योंकि राष्ट्र का निर्माण
थके हुए कदम नहीं करते,
अडिग इरादे करते हैं।
जागो युवा…
यह तिरंगा सिर्फ़ झंडा नहीं,
ये तेरे माथे की लाज है।
अब तू अपने भीतर से
कमज़ोरी निकाल,
और भारत के लिए
अपने आप को मजबूत बना।
— पुष्प सिरोही
________________________________________
⚡🇮🇳 2) "अनुशासन ही आज़ादी है"
युवा—
अनुशासन को
सज़ा मत समझ,
अनुशासन को
शक्ति समझ।
जो खुद पर राज कर लेता है,
वो दुनिया पर छाप छोड़ देता है।
जो समय की इज़्ज़त करता है,
समय उसे
इतिहास में बैठा देता है।
देश को आगे ले जाने के लिए
हाथों में ताक़त नहीं,
हाथों में कौशल चाहिए।
आँखों में सपना नहीं,
आँखों में कस्म चाहिए।
एक दिन में नहीं बदलता भारत,
भारत बदलता है
हर दिन की मेहनत से।
हर सुबह की आदत से,
हर रात की तैयारी से।
युवा…
वक्त तेरे सामने
झुकेगा,
जब तू अपने भीतर
झुकना बंद कर देगा।
— पुष्प सिरोही
________________________________________
⚡🇮🇳 3) "तू राष्ट्र की धड़कन है"
तू सिर्फ़ युवा नहीं,
तू राष्ट्र की धड़कन है।
तू अगर तेज़ चलेगा,
तो भारत तेज़ चलेगा।
तू अगर मजबूत बनेगा,
तो भारत मजबूत बनेगा।
खुद को छोटा समझना
सबसे बड़ा अपराध है।
तू वो शक्ति है
जो मिट्टी से
सोना निकाल सकती है।
हार मत मान,
क्योंकि भारत की मिट्टी
हार मानने वालों को
अपना नहीं मानती।
तू पसीना बहा,
तू ज्ञान बढ़ा,
तू चरित्र जगा—
और देख,
कैसे तेरा भारत
तेरी वजह से
ऊँचा उठता है।
— पुष्प सिरोही
________________________________________
⚡🇮🇳 4) "देश बदलना है? खुद बदल"
देश बदलने की बात
हर कोई करता है,
पर देश बदलता है
उनसे—
जो खुद को बदलते हैं।
अगर रिश्वत गलत है,
तो तू देना बंद कर।
अगर झूठ गलत है,
तो तू बोलना बंद कर।
अगर आलस गलत है,
तो तू सोचना बंद कर।
युवा…
भारत बहुत बड़ा है,
पर भारत का भविष्य
तेरी आदतों जितना ही
मजबूत होगा।
अपने अंदर
एक सैनिक जगा—
जो बहाने नहीं ढूँढता,
जो सिर्फ़
काम करता है।
— पुष्प सिरोही
________________________________________
⚡🇮🇳 5) "मेहनत का राष्ट्रवाद"
राष्ट्रवाद
सिर्फ़ नारा नहीं,
राष्ट्रवाद
मेहनत है।
ऑफिस में ईमानदारी,
किताब में लगन,
सड़क पर नियम,
और रिश्तों में सम्मान—
यही असली देशभक्ति है।
भारत को
दिखावे के देशभक्त नहीं,
भारत को
निर्माण करने वाले योद्धा चाहिए।
युवा…
अपने काम को
पूजा बना दे,
फिर देख
तेरा भारत
कैसे चमकता है।
— पुष्प सिरोही
________________________________________
⚡🇮🇳 6) "उठो, लक्ष्य बड़ा करो"
लक्ष्य बड़े करो,
सोच ऊँची करो।
जो जमीन पर
सपने रखता है,
वो इतिहास नहीं बनाता।
तू पैदा हुआ है
कुछ अलग करने के लिए।
भीड़ का हिस्सा बनने के लिए नहीं,
भीड़ की दिशा बदलने के लिए।
अपने भीतर की आग
बुझने मत देना।
ये आग ही
तेरे भारत का
नया सूरज है।
— पुष्प सिरोही
________________________________________
⚡🇮🇳 7) "राष्ट्र-निर्माता युवा"
हर पीढ़ी को
एक जिम्मेदारी मिलती है।
हमारी जिम्मेदारी है—
भारत को सिर्फ़ महान नहीं,
अजेय बनाना।
युवा…
तू सड़क पर भी
देश का चेहरा है,
तू क्लास में भी
देश की उम्मीद है,
और तू मैदान में भी
भारत का हौसला है।
आलस को गोली मार,
ज्ञान को हथियार बना,
और सेवा को
अपना स्वभाव बना।
— पुष्प सिरोही
________________________________________
⚡🇮🇳 8) "युवा की कसम"
मैं कसम खाता हूँ—
मैं खुद को मजबूत बनाऊँगा।
मैं कसम खाता हूँ—
मैं अपने देश का मान बढ़ाऊँगा।
मैं बहाने नहीं बनाऊँगा,
मैं मेहनत को अपनाऊँगा।
मैं गिरूँगा तो उठूँगा,
मैं थकूँगा तो लड़ूँगा।
क्योंकि मैं
भारत का युवा हूँ,
और मेरे भीतर
असंभव को संभव करने की
ताक़त है।
— पुष्प सिरोही
________________________________________
⚡🇮🇳 9) "भारत का भविष्य — तेरे हाथ"
भारत का भविष्य
किसी एक नेता के हाथ नहीं,
भारत का भविष्य
तेरे हाथ में है।
तेरा पढ़ना राष्ट्र है,
तेरा सीखना राष्ट्र है,
तेरा अनुशासन राष्ट्र है,
और तेरी मेहनत राष्ट्र है।
युवा…
भारत को गर्व चाहिए,
और गर्व
तेरे चरित्र से आएगा।
— पुष्प सिरोही
________________________________________
⚡🇮🇳 10) "जागो युवा — भारत पुकारता है"
जागो युवा…
अब सोना नहीं।
देश को बनाना है,
बस बातों में खोना नहीं।
तू खुद को बदल दे,
तो देश बदल जाएगा।
तू खुद उठ खड़ा हो,
तो भारत आगे बढ़ जाएगा।
अपनी रगों में
एक आग रख,
अपने मन में
एक संकल्प रख—
और अपने कर्म में
भारत रख।
क्योंकि तू युवा है…
और युवा
कभी कमजोर नहीं होता,
युवा
परिवर्तन होता है।
जागो युवा…
भारत पुकारता है। 🇮🇳🔥
— पुष्प सिरोही

जागो युवा — नया भारत बुला रहा है
READ THIS POEM IN OTHER LANGUAGES
Close
Error Success