RAHUL KAUSHIK

Rookie (10 JUNE 1984 / LAKSAR, DISTT-HARIDWAR)

RAHUL KAUSHIK Poems

1. अत्याचार 4/26/2013

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अत्याचार

क्या सभ्य समाज की यही परिभाषा
बलात्कार के बाद कानून उसे बचाता
समाज का ताना बना इतना कमजोर कैसे हो गया
बहू बेटियों पर इतना अत्याचार कैसे हो गया
देवी माँ कहकर पूजा जाता है पत्थरो को
पर देवी स्वरूपा बालिकाओं को क्यो है मारा जा रहा
दुर्गा काली या हो अम्बे
स्त्री रूप धरकर येँ ही तो बनती जगदम्बे
जब जब संसार मे
या हो सभ्य समाज मे
व्याप्त हुआ तम का राज
तभी हुआ नारी शक्ति का विकास
- - राहुल कौशिक

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