सबका चहेता तो रहा हूँ
मेरी गुजर गयी जवानी
थोड़ी सी भी वो ना रुकी दीवानी
वो तो कर गयी अपनी मनमानी
बस रूखी सुखी और अभिमानी।
में इस कदर खो गया था की था कि 'वो कभी ना जायेगी'
थोड़ा सा कहने पर मान जाएगी
पर उसने तो अपने रंग दिखाने शुरू कर दिए
बात बात में मुझे याद दिलाना शुरू कर दिए।
मुझे अंदेशा जरूर था
पर सही मंशा का अभाव भी था
उसपर किसका बस चला है जो मेरा चलेगा!
मेरे कहने पर सब बदलाव रुक जाएगा।!
जवानी दीवानी भी कहलाती है
ना समलो तो बर्बादी लाती है
समज लो की सोचने की शक्ति ले जाती है
और बुरे कर्म करवाने को मजबूर कर देती है।
मुझे तनिक सा लगा की अन्धेरा छा रहा है
रौशनी में भी थोड़ा सा फर्क आ रहा है
यह पहला मौक़ा था मुझे एहसास हुआ
'जवानी जानेकी दस्तक दे रही है' वैसा भी महसूस हुआ
मै तो मनचला कहलाता था
अबला का बड़ा चहेता माना जाता था
अब क्या होगा उन सब रंगिंनीयों का?
कैसे रोक पाउँगा आंसू संगिनियों का?
'बुढ़ापे का ख्याल' आते ही धरती खिसकने लगी
मन की मन में आस भी मरने लगी
'अब क्या होगा मेरा आलम '? बस में तो रुआंसा होने लगा
कोई तो मुझे बताओ अब मुझे क्या करना होगा?
'मुझे सब कहते थे' आशिक समल जाओ
इन तितलियों के पीछे इतने भागे मत जाओ
जवानी जाने का दर्द सेह नहीं पाओगे
रही सही आबरू भी रोक नहीं पाओगे।
हर बात आँखों के सामने आ रही है
बार बार सपनो को तोड़े जा रही है
में अपने ही बोज के तले दबे जा रहा हूँ
पर अब तक सबका चहेता तो रहा हूँ।
Sandhya Singh likes this. Hasmukh Mehta welcome Just now · Unlike · 1
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Munna Kumar दिल की कलम से... एैसे बड़़े अंदाज! वो भी दार्शनिक वाले! रास्तें बदल गये या चलने वाले ही बदल गये; असमंजस में मैं अचंभित! लगता है बदला कुछ नहीं; बस वक्त ही बदल गए! ! ! ! Munna Kumar's photo. 9 mins · Unlike · 1
welcome manohar gurjar Just now · Edited · Unlike · 1
Hasmukh Mehta welcomedheeraj ku agnihotri Just now · Unlike · 1
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Taran Singh bahut khoob Hasmukh Mehta ji dil ki baat December 23 at 10: 28pm · Unlike · 1
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Zara Hayat Baig Wsoooooooooooooooooooo 2 mins · Unlike · 1