Poem By Sharad Bhatia मैंऔरमेरीअदृश्य मोहब्बत In English Translation Poem by Ravi Kopra

Poem By Sharad Bhatia मैंऔरमेरीअदृश्य मोहब्बत In English Translation

Rating: 5.0

I want to touch your feelings
I want to hug you once
I know you are invisible, still
I want to embrace you, merge with you
I want, once again, to love you.

Do you know why?
Because you are the only one
Who never leaves me,
Be it night or day
You are always with me,
From birth to death
On everything I have
I feel your fragrance.

-to be cont'd


Poem by Sharad Bhatia
मैंऔरमेरीअदृश्य मोहब्बत

तेरे इस एहसास को स्पर्श करना चाहता हूँ,
तुझे एक बार गले लगाना चाहता हूँ ।।
जानता हूँ, तू अदृश्यहैं,
फिर भी तेरे आगोश मे सिमटना चाहता हूँ
तुझसेएक बार मोहब्बत करना चाहता हूँ।।

जानती हैंक्यूँ,
क्यूंकि एक तू ही हैं,
जोहमेशा मेरे साथरहती है।।
चाहे दिन हो या रात,
जिंदगी भरका हैंतेरा मेरा साथ,
पैदा होने से मरने तक,
मेरी हर चीज़ पर हैं तेरा वास।।

मैं जानता हूँ. तू भी मुझसे मोहब्बत करती है,
जब मैं गुस्से मे होता हूँ,
तू मुझे अपने ठंडे स्पर्श सेमुझे ठंडा करती है।।
और जब तू गुस्से मे होती है,
तो मुझे अपनीलपटों से जलाती हैं।।
शायद अपनापन जतलाती है,
और रह - रह मुझपरगुस्सा कर जाती है।।
फिर मुझे सोचने पर मजबूर कर देती है, .
कि तू आज गुस्से मेक्यूँहैं।।

जब मैं अकेला होता हूँ,
तू मेरापूरा साथ निभाती हैं।।
धीरे से आ कर मुझे अपने होने का एहसासकरातीहैं,
और प्यार से मेरे बालो को सहलाती है।।
जब मुझे नींद नहीं आती,
तू मुझे अपनी ठंडी हवा की लोरी सुनाती हैं,
और मेरी अंखियों मे नींद लाती है।।

जब हम दोनों लड़ते हैं,
तू गुस्सा कर जाती और मुझसे बात बंद कर जाती,
तब मेरे दिल से पूछ मेरी तेरे बिना कितनी हालत खराब हो जाती।।

आज भी मैं तेरे होने का एहसासकरता हूँ,
रोज़शाम बालकनी तेरे साथ बातजो करता हूँ।।कैसे कहूँ कि मैं तुझसेकितना प्यार करता हूँ,
शायद तू मुझसे जितना करती है, शायद उससे ज्यादा ।।
सुना तू "हवा" हैं, फिर भी मेरे साथ रहती है
देख कैसी तेरी मेरी कहानी है,
तू दिखती नहीं, मैं दिखता हूँ,
फिर भी तुझसे मोहब्बत करता हूँ ।।

I love you so much my beautiful "invisible Air" and Thank you very much for being a part of my life

एक प्यारा सा एहसास.
मेरी नन्ही कलम से-"मेरे अदृश्य प्यार" को
(शरद भाटिया)
Sharad Bhatia

Saturday, August 15, 2020
Topic(s) of this poem: love
COMMENTS OF THE POEM
Varsha M 15 August 2020

Beautiful translation. A good one.

0 0 Reply
Sharad Bhatia 15 August 2020

Thankyou so much sir that you read my short poem and appreciated me and my words and also translated in English. It is indeed a great honor for me

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